Thursday, February 15, 2024

बात पते की

 

दादी एक बात कहती थी ,

उस समय समझ नहीं आती थी ,

वो कहती थी - अक्ल और ,

उम्र की भेंट अक्सर नहीं होती ,

जिनकी होती है -वो पार हो जाते है ,

जिनकी नहीं होती वो बस पछताते है ,

बात सीधी और सरल सी थी ,

अपने में पूरा सार समेटे थी ,

जीवन का सारा खेल ही ,

अक्ल और उम्र पर टिका है ,

सही उम्र पर अक्ल आ जाए ,

तो पूरा जीवन सफल हो जाता है ,

वर्ना फिर जीवन की मथनी में ,

वो पिसता चला जाता है,

दादी एक बात कहती थी ,

उस समय समझ कहाँ आती थी ,

वो कहती थी -अभी समझ नहीं आयेगा ,

जब आयेगा -  बहुत देर हो चुकी होगी ,

और ये लाख टके की बात थी,

अब सोचों तो कितना सच कहती थी।